
कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले के सुदूर वनांचल ग्राम जलके में वन विभाग की मनमानी और भ्रष्टाचार की एक और तस्वीर सामने आई है। कटघोरा वनमंडल के पसान वन परिक्षेत्र में वन प्रबंधन समिति के अध्यक्ष पद के चुनाव के दौरान डिप्टी रेंजर अयोध्या सोनी ने ग्रामीणों को खुलेआम ‘एक मिनट के भीतर उठवा लेने’ की धमकी दे डाली।
ग्रामीणों ने जब वन विभाग द्वारा कराए जा रहे फेंसिंग कार्य में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी और भ्रष्टाचार का आरोप लगाया तो अधिकारी अपना आपा खो बैठे। ग्रामीणों का कहना है कि जंगल में लगाए गए खंभे मात्र 50 प्रतिशत ही जमीन में गाड़े गए हैं, बाकी आधे ऊपर खड़े हैं। साफ है कि पैसे की लूट के लिए काम में घटिया सामग्री और कम काम का सहारा लिया गया।
चुनाव प्रक्रिया में भी धांधली के आरोप लगते ही ग्रामीणों ने अधिकारियों को घेर लिया। इसी दौरान डिप्टी रेंजर अयोध्या सोनी ने बौखलाकर ग्रामीणों पर धमकी दे डाली। एक सरकारी अधिकारी का जनता के प्रति ऐसा दबंगई भरा रवैया ग्रामीणों के आक्रोश को और भड़का गया।
ग्रामीणों ने सवाल उठाया- “क्या सरकार ने इन अधिकारियों को जंगलों की सुरक्षा और वन्य जीवों के संरक्षण के लिए नियुक्त किया है या आम आदमी को दबाने-धमकाने के लिए?” उन्होंने साफ कहा कि अधिकारी जनता के सेवक हैं, कोई राजा नहीं।